केंद्र सरकार ने लांच की कॉफ़ी कनेक्ट अप्प और कृषि थरंग प्रोजेक्ट

केन्द्रीय वाणिज्य व उद्योग मंत्रालय ने कनेक्ट कॉफ़ी एप्प और कृषि थरंग प्रोजेक्ट लांच किया। इनकी शुरुआत भारतीय कॉफ़ी बोर्ड ने इस सेक्टर के तकनीकी आधानिकीकरण के लिए की है।

कॉफ़ी कनेक्ट मोबाइल एप्प

इस एप्प को फील्ड में काम करने वाले लोगों की कार्य कुशलता में वृद्धि करने के लिए लांच किया गया है। इस नवीन टेक्नोलॉजी के माध्यम से कॉफ़ी उत्पादकों तथा एस्टेट्स का डिजिटलीकरण संभव हो पायेगा। इससे एक्सटेंशन अफसर्रों के कार्य, अनुदान वितरण तथा रियल टाइम रिपोर्ट जनरेशन के सम्बन्ध में पारदर्शिता आएगी। इस एप्प को भारतीय कॉफ़ी बोर्ड ने नेशनल इंस्टिट्यूट फॉर स्मार्ट गवर्नमेंट के साथ मिलकर तैयार किया गया है।

कॉफ़ी कृषि थरंग प्रोजेक्ट

इस IVR बेस्ड डिजिटल मोबाइल एक्सटेंशन सेवा को भारतीय कॉफ़ी बोर्ड ऑफ़ PADIF (Precision Agriculture for Development India Foundation) द्वारा तैयार किया गया है। इसका उद्देश्य उत्पादकता, लाभ तथा पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना है। यह सेवा 24X7 उपलब्ध है।

भारत में कॉफ़ी उत्पादन

भारत ब्राज़ील, वियतनाम, कोलंबिया, इंडोनेशिया और इथियोपिया के बाद विश्व का चौथा सबसे बड़ा कॉफ़ी उत्पादक देश है। भारत में लगभग 4.54 लाख हेक्टेयर भूमि में 3.66 लाख किसानों द्वारा कॉफ़ी का उत्पादन किया जाता है। भारत में कॉफ़ी का अधिकतम उत्पादन कर्नाटक (54%), कर्नाटक (19%) तथा तमिलनाडु (8%) द्वारा किया जाता है। भारत विश्व के कुल कॉफ़ी उत्पादन का 4.5% उत्पादित करता है। भारत अपने कुल उत्पादन का 70-80% हिस्सा निर्यात करता है। इटली, रूस और जर्मनी भारत के प्रमुख कॉफ़ी ग्राहक हैं। भारत में कॉफ़ी की दो प्रमुख वैरायटी रोबस्टा और कोफ्फिया अरेबिका का उत्पादन बड़े पैमाने पर किया जाता है।

भारतीय कॉफ़ी बोर्ड

भारत कॉफ़ी बोर्ड एक स्वायत्त संस्था है, यह केन्द्रीय वाणिज्य व उद्योग मंत्रालय के अधीन कार्य करता है। इसकी स्थापना 1942 में संसद द्वारा पारित अधिनियम के तहत की गयी थी। यह भारत में कॉफ़ी के विकास, अनुसन्धान तथा गुणवत्ता संवर्धन पर कार्य करता है।